Wednesday, December 5, 2018

6 दिसंबर ने बदल दी भारत की राजनीति और नेताओं की सोचः

वैसे तो पूरे 26 साल हो गए हैं बाबरी मस्जिद को ढहाए हुए, लेकिन उसका भूत अभी भी जीवित है.

और उसे जीवित रखने का पूरा श्रेय जाता है हमारे देश के महान राजनीतिज्ञों को.

06 दिसंबर 1992 भारत के इतिहास में ऐसा दिन है, जिसने इस देश की राजनीति को एक ऐसा मोड़ दिया कि 26 सालों में हम बहुत पीछे चले गए.

आज ऐसे मुद्दे प्रभावित करते हैं जिससे समाज ने भारत के विभाजन के बाद बहुत पीछे छोड़ दिया था. धर्म-निरपेक्षता सिर्फ हमारे संविधान में नहीं, बल्कि हमारे रग़-रग़ में बसी हुई थी.

लेकिन 06 दिसंबर के बाद इसकी जगह लेने लगी सांप्रदायिकता का ज़हर.

आज 06 दिसंबर 2018 तक पहुंचते-पहुंचते कुछ ऐसा वातावरण बनता जा रहा है कि पूरे हिंदू धर्म को अयोध्या मंदिर तक ही सीमित करने का प्रयास किया जा रहा है.

हिंदू होने की परिभाषा बदल डाली
इस देश को संचालित करने वाले कुछ लोगों ने तो हिंदू की परिभाषा तक बदल डाली है. उनकी नज़र में आज वही हिंदू है जो कि अयोध्या में मंदिर बनवाने में विश्वास रखता है और मंदिर भी उन्हीं शर्तों पर, जो उनके द्वारा रखी गई हों.

हर 06 दिसंबर को पुरानी यादें ताजा हो जाती हैं. मैं उस दिन खुद अयोध्या में मौजूद था और मैंने वो पूरा नज़ारा अपनी आंखों से देखा था जो कि अपने 88 पन्नों के बयान में मैंने सीबीआई अदालत के सामने भी पेश किया है.

वो जुनून जो शायद पागलपन की सीमाएं लांघ चुका था, वो सारे कानून, व्यवस्था का खाक में मिल जाना, वो कुछ लोगों के चेहरे पर खुशी और कुछ पर खौफ़, लगभग चार घंटे में उस 16वीं शताब्दी की बनी हुई मज़बूत मस्जिद का सरेआम ध्वस्त होना, एक डरावना दृश्य था.

उसके बाद हर 06 दिसंबर को विश्व हिंदू परिषद के द्वारा अयोध्या में शौर्य दिवस मनाया जाने लगा. कोई न कोई वरिष्ठ बीजेपी नेता उसमें भाग लेने के लिए ज़रूरत आते थे.

Wednesday, November 28, 2018

कई जगहों से ईवीएम ख़राब होने की ख़बर

मध्य प्रदेश की सभी 230 विधानसभा सीटों पर मतदान बुधवार सुबह शुरू हो गया. प्रदेश की तीन सीटों पर सुबह सात बजे से मतदान शुरू हुआ, जबकि बाक़ी सीटों पर आठ बजे से वोटिंग शुरू हुई. यह तीन सीटें नक्सल प्रभावित क्षेत्र में है जहां पर मतदान दिन के तीन बजे तक ही किया जा सकेगा.

यहां सुबह से मतदाताओं की लम्बी क़तारें मतदान केंद्रों के बाहर देखी गई हैं. चुनाव आयोग ने सुरक्षा के कड़े इंतेज़ामात किए हैं.

चुनाव आयोग के आकड़ों के मुताबिक़ प्रदेश में सुबह नौ बजे तक 6.32 प्रतिशत मतदान किया जा चुका था.

इधर बुधवार चुनाव ड्यूटी में लगे तीन कर्मचारियों की मौत हार्ट अटैक से हो गई है, इनमें से एक पीठासीन अधिकारी थे.

मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी बीएल कांता राव ने पत्रकारों को जानकारी दी है कि दो लोगों की मौत इंदौर में और एक की मौत गुना में हुई है.

लगभग 70 मतदान केंद्रों में मशीन ख़राब होने की ख़बर आई है. हालांकि बीएल कांता राव ने इस बात से इंकार किया है कि मतदान से पहले बड़ी तादाद में ईवीएम मशीनें ख़राब निकली हैं.

चुनाव आयोग ने बताया कि प्रदेश में अब तक कहीं से भी कोई हिंसा की ख़बर नहीं है.

वोटिंग मशीनों ख़राब होने की शिकायतें कई जगहों से आ रही हैं. इनमें भोपाल के अलावा सतना, उज्जैन, खरगोन, भिंड, ग्वालियर, इंदौर के कुछ मतदान केंद्र हैं. बताया जा रहा है कि इस कारण कई जगहों पर देर से मतदान शुरु हुआ.

बीएल कांता राव ने कहा है कि जहां से भी मशीन ख़राब होने की ख़बर आ रही है, वहां पर 30 मिनट के अंदर ही उसे बदला जा रहा है.

उधर प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष कमलनाथ ने इस मामले पर सवाल उठाए हैं. दिग्विजय सिंह ने भी ट्विटर के ज़रिए इस मामले पर सवाल खड़े किए हैं.

कांग्रेस नेता कमलनाथ ने ट्वीट किया है कि "प्रदेश भर से बड़ी संख्या में ईवीएम मशीनों के ख़राब और बंद होने की जानकारी सामने आ रही है. इससे मतदान प्रभावित हो रहा है. मतदान केंद्रों पर लम्बी लाइनें लग गई हैं. इतनी बड़ी गड़बड़ी कैसे? चुनाव आयोग अविलंब इस पर निर्णय ले .तत्काल बंद मशीनों को बदला जाए."

दिग्विजय सिंह ने भी इस मामले में ट्वीट किया है कि, "कई ऐसे मतदान केंद्रों पर ईवीएम ख़़राब होने की ख़बर मिल रही हैं जहां रुझान कांग्रेस के पक्ष में हैं."

Monday, November 26, 2018

आलोक नाथ मामले में 20 साल बाद होगा विनता का फिजिकल टेस्ट

के आरोपों में फंसे आलोक नाथ के खिलाफ हाल ही में FIR दर्ज की गई. उनपर राइटर-प्रोड्यूसर विनता नंदा से रेप का आरोप है. 8 अक्टूबर को फेसबुक पोस्ट में किए खुलासे में विनता ने आलोक नाथ पर एक से ज्यादा बार रेप करने का आरोप लगाया था. अब घटना के 20 साल बाद पुलिस ने विनता को मेडिकल टेस्ट के लिए बुलाया है.

पत्रकार बरखा दत्त के साथ एक बातचीत में विनता ने आलोक नाथ मामले पर बयान दिया. उन्होंने कहा, ''मुझे लगता है इस केस में ज्यादा डेवलपमेंट नहीं हुआ है. पुलिस शिकायत दर्ज कराने के 3 हफ्ते बाद उन्होंने मुझे बुलाया और कहा कि अब हम FIR दर्ज करेंगे. FIR फाइल होने के बाद आलोक नाथ को अरेस्ट किया जाता या मामले की तहकीकात की जाती, लेकिन सारी चीजें मुझ पर दोबारा आ गई हैं.''

वे कहती हैं, ''अब मुझे मेडिकल टेस्ट के लिए बुलाया गया है, वो भी 20 साल बाद, मैंने अखबार में देखा जहां उन्होंने कहा था कि मुझे मेडिकल चेपअप से गुजरना पड़ेगा. इसके बाद ही केस आगे बढ़ पाएगा. ''

CINTAA कर चुका है निष्कासित

पिछले दिनों CINTAA (सिने एंड टीवी आर्टिस्ट्स एसोसिएशन) ने आलोक नाथ की मेंबरशिप खत्म की थी. उन्होंने ट्वीट कर स्टेटमेंट में लिखा- ''मिस्टर आलोक नाथ के खिलाफ कई सारे सेक्सुअल हैरेसमेंट के आरोप सामने के बाद सिंटा की एक्जीक्यूटिव कमेटी ने उन्हें संगठन से निष्कासित करने का फैसला किया है.''

क्या है पूरा मामला?

पिछले दिनों तनुश्री दत्ता के आरोपों के बाद विनता नंदा ने फेसबुक पर अपनी आपबीती साझा की थी. विनता ने शुरू में आलोकनाथ का नाम नहीं लिया, लेकिन बाद में उन्होंने एक्टर का नाम भी लिया और कई संगीन आरोप लगाए.

विनता ने कहा था, ''उन्होंने मेरे साथ शारीरिक दुर्व्यवहार किया. मैं 1994 में टीवी के नंबर वन शो 'तारा' को लिख रही थी और इसका प्रोडक्शन कर रही थी. वह मेरी लीड गर्ल के पीछे थे. लड़की की उनमें कोई दिलचस्पी नहीं थी. एक सीन के दौरान आलोक पहले तो सेट पर शराब पीकर आए और उसके बाद शॉट के दौरान नवनीत पर गिर पड़े, जिसके बाद नवनीत ने उन्हें थप्पड़ मारा.''

विनता ने बताया कि एक बार वह आलोक नाथ के घर पर हुई पार्टी में शामिल हुई. वहां से देर रात दो बजे के करीब घर जाने के लिए निकलीं. ड्रिंक में कुछ मिला दिया गया था. रास्ते में उस शख्स ने गाड़ी रोकी, जो खुद चला रहा था और कहा कि मैं उनकी गाड़ी में बैठ जाऊं, मुझे घर छोड़ देगा. मैं उस पर भरोसा करके गाड़ी में बैठ गई. नंदा ने कहा, "इसके बाद मेरे मुंह में और ज्यादा शराब डाली गई और मेरे साथ काफी हिंसा की गई. अगले दिन जब दोपहर को मैं उठी, तो मैं काफी दर्द में थी. मेरे साथ सिर्फ दुष्कर्म ही नहीं किया गया था बल्कि मुझे मेरे घर ले जाकर मेरे साथ नृशंस व्यवहार किया गया था."

Tuesday, October 23, 2018

रिपेयरिंग के चलते आज 6 घंटे के लिए एयरपोर्ट बंद, 300 उड़ानों पर पड़ेगा असर

देश के सबसे व्‍यस्‍त हवाई अड्डों में से एक मुंबई एयरपोर्ट को सुबह 11 बजे से शाम 5 बजे तक मरम्‍मत और रखरखाव के लिए बंद रखा गया है। इसके चलते एयरलाइंस कंपनियों ने कई फ्लाइट्स कैंसल और रीशेड्यूल की हैं। 6 घंटे में तकरीबन 300 फ्लाइट्स प्रभावित होंगी।

एयरपोर्ट के अधिकारियों के मुताबिक, मंगलवार को एयरपोर्ट के मुख्‍य रनवे और दूसरे रनवे पर मरम्‍मत का काम होना है। इसके अलावा इंटरसेक्‍शन रनवे पर भी रिपेयरिंग की जाएगी। शाम 5 बजे से लेकर 7 बजे तक भी विमानों की आवाजाही में देरी हो सकती है। अगले साल 7 फरवरी और 30 मार्च को भी मरम्मत के लिए एयरपोर्ट को 6 घंटों के लिया बंद रखा जाएगा।

एक दिन में 970 फ्लाइट्स : मुंबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट लिमिडेट (एमआईएएल) के मुताबिक, मुंबई एयरपोर्ट पर रोजाना 970 फ्लाइट्स आती और जाती हैं। इस एयरपोर्ट ने इस साल एक और रिकॉर्ड अपने नाम किया है। 4 करोड़ यात्रियों की कैपिसिटी वाले इस एयरपोर्ट का सालभर में करीब 4 करोड़ 80 लाख पैसेंजर्स ने इस्तेमाल किया है।

श्रीलंका ने देश में मैच फिक्सिंग से जुड़े मामलों को निपटाने के लिए भारत से मदद मांगी है। श्रीलंका सरकार में कैबिनेट मंत्री और पूर्व कप्तान अर्जुन रणतुंगा ने कहा, "श्रीलंका में फिक्सिंग से जुड़े मामलों की जांच और इससे संबंधित कानूनी मसौदा बनाने में भारत उनकी मदद करेगा।

श्रीलंका के पेट्रोलियम मंत्री रणतुंगा ने कहा, "भारत का केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) श्रीलंका में बड़े पैमाने पर लगे भ्रष्टाचार के आरोपों की जांच में मदद करेगा। हमारे पास इस समस्या से निपटने के लिए कोई विशेषज्ञ या कानून नहीं है।"

रणतुंगा पर सीबीआई ने लगाए थे फिक्सिंग के आरोप: श्रीलंका ने भ्रष्टाचार के मामले उजागर होने के बाद यह कहा था कि जांच के लिए एक विशेष पुलिस यूनिट का गठन होगा। सीबीआई ने साल 2000 में रणतुंगा और अरविंद डी सिल्वा पर फिक्सिंग का आरोप लगाया था, लेकिन बाद में दोनों को आरोपमुक्त कर दिया गया था। हाल ही में पूर्व कप्तान सनथ जयसूर्या पर आईसीसी ने फिक्सिंग से जुड़े मामले में सहयोग नहीं देने का आरोप लगाया था।

गाले मैदान के ग्राउंड्समैन पर लगा था प्रतिबंध: गाले मैदान के ग्राउंड्समैन थरंगा इंडिका और क्रिकेटर थरींडू मेंडिस पर फिक्सिंग के आरोप लगे थे। दोनों पर लगा था कि उन्होंने इंग्लैंड के खिलाफ टेस्ट के चौथे दिन मेजबान टीम को फायदा देने के लिए पिच बनाया था। दोनों को श्रीलंका क्रिकेट ने प्रतिबंधित कर दिया। इस मामले में प्रोविंसियल कोच जीवंता कुलतुंगा पर भी प्रतिबंध लगा था।

6 दिसंबर ने बदल दी भारत की राजनीति और नेताओं की सोचः

वैसे तो पूरे 26 साल हो गए हैं बाबरी मस्जिद को ढहाए हुए, लेकिन उसका भूत अभी भी जीवित है. और उसे जीवित रखने का पूरा श्रेय जाता है हमारे देश...